कमबख्त यार
बड़ा कमबख्त यार है मेरा गुले गुलज़ार प्यार है मेरा बहुत वो मुझसे प्यार करता है मस्तियाँ और धमाल करता है ...
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कमबख्त यार
बड़ा कमबख्त यार है मेरा गुले गुलज़ार प्यार है मेरा बहुत वो मुझसे प्यार करता है मस्तियाँ और धमाल करता है ...
हम पंछी एक डाल के
समझदार चिड़ियायें, सुबह जल्दी से उठ कर, बिजली के खम्बों के नीचे, पा जाती ढेर सारे कीड़े जैसे 'सेल' लगने पर, समझ...
पत्नी,प्रियतमा और प्यार
पत्नी को प्रियतमा बना कर प्यार कीजिये महका कर इस जीवन को गुलजार कीजिये घर की मुर्गी दाल बराबर नहीं समझिये ...
मरने पर ........
जीते जी तीर्थ न करवाये, मरने पर संगम जाओगे भर पेट खिलाया कभी नहीं, पंडित को श्राद्ध खिला...
बहू तो आखिर बहू है
क्या हुआ जो नहीं तुमसे,ठीक से वो बात करती क्या हुआ घर पर न टिकती,करती रहती मटरगश्ती क्या हुआ जो उसे खाना बनाने से बहुत चिढ है क्या हु...
विचारणीय प्रश्न
कभी,कहीं,किसी पार्टी में, या फिर और कहीं, आप अपने किसी परिचित से मिलते है और उनके मुख से, अपने बारे में कमेन्ट सुनते है "आज आप ...
कभी हम पास होते है,कभी हम फ़ैल होते है
हमारी जिंदगानी में,बहुत से खेल होते है कभी हम पास होते है,कभी हम फ़ैल होते है हरेक पल में परीक्षा है,हरेक पल में समीक्षा है मगर धीरज न...
कभी सोलह की लगती हो, कभी सत्रह की लगती हो
मुझे जब कनखियों से देखती ,तिरछी नज़र से तुम बड़ी हलचल मचा देती हो मेरे इस जिगर में तुम दिखा कर दांत सोने का, कभी जब मुस्कर...
आंसू
आंसू नहीं अश्कों पे जाओ तुम,ये आंसू बरगलाते है ख़ुशी हो या हो गम ,आँखों में आंसू आ ही जाते है जो पानी आँख से बहता, सदा आं...
श्रद्धा और श्राद्ध
श्रद्धा और श्राद्ध हम अपने पुरखों को,पुरखों के पुरखों को, साल में पंद्रह दिन ,याद किया करते है ब्रह्म...